Class 6 Hindi Lesson 11 Question and Answer
पाठ-11
प्रकृति का संदेश
1. कविता का हाव-भाव के साथ वाचन करो।
(यह मौखिक गतिविधि है। कविता को उचित हाव-भाव, स्पष्ट उच्चारण और भावपूर्ण आवाज़ के साथ पढ़ें।)
2. आओ, ऐसे ही एक अन्य कविता की कुछ पंक्तियाँ दोहराएँ:
देखो कोयल काली है पर
मीठी है इसकी बोली
इसने तो कूक-कूक कर
आमों में मिसरी घोली।
3. खाली जगहों की पूर्ति करो:
उत्तर:
(क) पर्वत कहता शीश उठाकर
तुम भी ऊँचे बन जाओ।
सागर कहता है लहराकर
मन में गहराई लाओ।
(ख) पृथ्वी कहती, धैर्य न छोड़ो
कितना ही हो सिर पर भार।
नभ कहता है, फैलो इतना,
ढक लो तुम सारा संसार।
4. कविता का भाव समझो और उत्तर दो :
(क) ऊँचाइयों को छूने का संदेश कौन देता है?
उत्तर: पर्वत ऊँचाइयों को छूने का संदेश देता है।
(ख) मन में गंभीरता लाने का संदेश कौन देता है?
उत्तर: सागर मन में गंभीरता लाने का संदेश देता है।
(ग) धीरज रखने का संदेश कौन देती है?
उत्तर: पृथ्वी धीरज रखने का संदेश देती है।
5. निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर लिखो:
(क) ‘प्रकृति का संदेश’ कविता के कवि कौन हैं?
उत्तर: ‘प्रकृति का संदेश’ कविता के कवि श्री सोहनलाल द्विवेदी हैं।
(ख) तरंग हमें क्या संदेश देती है?
उत्तर: तरंग हमें अपने मन में मीठी-मीठी और कोमल उमंग भरने का संदेश देती है।
(ग) पाठ के आधार पर प्रकृति के चार उपादानों के नाम लिखो।
उत्तर: पर्वत, सागर, पृथ्वी और तरंग।
(घ) आकाश हमें क्या संदेश देता है?
उत्तर: आकाश हमें इतना फैलने का संदेश देता है कि हम सारा संसार ढक लें।
6. आओ, बातचीत करें:
प्रकृति और प्राणियों में गहरा संबंध है। पृथ्वी पर जीवन-धारण के लिए प्रकृति ने
सभी प्राणियों को हवा-पानी, वन-पर्वत, पेड़-पौधे आदि दिए हैं। परंतु आज मनुष्य
प्रकृति के इन उपादानों की सुरक्षा पर विशेष ध्यान नहीं देता। फलस्वरूप हमारा
पर्यावरण प्रदूषित होता जा रहा है।
⇒ ‘प्रकृति की सुरक्षा और हमारा कर्तव्य’ विषय पर कक्षा के सभी विद्यार्थी सम्मिलित
होकर परिचर्चा का आयोजन करो साथ ही अपने-अपने विचार शिक्षक को बताओ।
7. पढ़ो, समझो और लिखो :
उत्तर:
बालक — बालिका
गायक — गायिका
पाठक — पाठिका
नायक — नायिका
बाघ — बाघिन
माली — मालिन
तेली — तेलिन
धोबी — धोबिन
8. आओ, रेखा खींचकर समानार्थक शब्दों को मिलाएँ :
उत्तर:
पर्वत — गिरि
शीश — सिर
नभ — आकाश
मृदुल — कोमल
पृथ्वी — धरती
9. आओ, पढ़ें और समझें :
(क) मोहन की पुस्तक अच्छी है।
(ख) जंगल में शेर और हाथी रहते हैं।
(ग) लड़का मीठा आम खा रहा है।
(घ) रजिया स्कूल जा रही है।
ऊपर के वाक्यों में रेखांकित शब्द नाम सूचित करते हैं। ये सभी संज्ञा शब्द हैं।
⇒ ऐसे और पाँच संज्ञा शब्द लिखो :
नदी हिमालय विद्यालय सूरज फूल
10. आओ, जानें:
महात्मा गाँधी को भाषण देने के लिए जाना था। उनके लिए ताँगा आने वाला था। वे
बार-बार घड़ी देख रहे थे। अचानक उन्होंने पास खड़े आश्रमवासी से कहा, “भाई,
मेरे लिए जल्दी से एक साइकिल मँगा दीजिए।”
इन वाक्यों में संज्ञा शब्द (महात्मा गाँधी) के स्थान पर उनके, वे, उन्होंने, मेरे-जैसे
शब्दों का प्रयोग हुआ है। ये शब्द सर्वनाम कहलाते हैं। इनके अलावा मैं, हम, आप,
यह, वह, क्या, कौन, कब, कोई आदि सर्वनामों के उदाहरण हैं।
कविता में आए निम्नलिखित सर्वनामों से एक-एक वाक्य बनाओ :
उत्तर:
(क) तुम: तुम बहुत अच्छा गाते हो।
(ख) अपना: हमें अपना काम समय पर करना चाहिए।
11. आओ, पहेलियाँ समझें और उत्तर लिखें :
(क) ऊँट की बैठक, हिरन की चाल
वह कौन-सा जानवर, जिसके दुम न बाल?
उत्तर: मेंढक।
अब तुम सोचकर बताओ ?
(ख) किसकी आँखें होती हैं, पर देख नहीं सकता?
उत्तर: चश्मा।
(ग) वह कौन है, जिसका मुँह नहीं, पर बोलता है?
उत्तर: रेडियो।
(घ) किसके पैर नहीं होते, पर चलता है?
उत्तर: घड़ी।
12. आओ, यह भी करें :
(क) अपने आस-पास की प्रकृति का निरीक्षण करके अपना अनुभव कक्षा में सुनाओ।
उत्तर: मेरे आस-पास पेड़-पौधे, फूल, पक्षी और नदियाँ हैं। सुबह पक्षियों की चहचहाहट सुनाई देती है। प्रकृति हमें शुद्ध हवा, पानी और सुंदर वातावरण देती है। हमें इसकी रक्षा करनी चाहिए।
(ख) प्रकृति पर आधारित चार पंक्तियों की एक कविता लिखने का प्रयास करो।
उत्तर:
प्रकृति
हरे-भरे हैं पेड़ हमारे,
सुंदर लगते फूल प्यारे।
नदियाँ बहतीं कल-कल धारा,
प्रकृति है जीवन का सहारा।
(ग) प्रकृति विषयक अन्य कविताओं का संग्रह कर कक्षा में सुनाओ।
उत्तर: (यह गतिविधि स्वयं करें। प्रकृति पर आधारित कविताएँ एकत्र करके कक्षा में सुनाएँ।)
13. आओ, खेल-खेल में सीखें :
उत्तर:
कलम ज़मीन
मकान नहर
नल रमेश
लड़का शहद
कागज़ दवात
Note: If you find any mistakes in these questions and answers, you can tell us or correct it yourself.
जुदि नोंथाङा बेफोर सोंथिफोर आरो फिननायाव माबा गोरोन्थि मोनो, अब्ला नोंथाङा जोंनो खोन्थानो हागोन एबा गावनो बेखौ सुद्रायनो हागोन।